Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    सिद्धार्थनगर डीएम की मौजूदगी में दंगल का आयोजन:राजा पहलवान ने 'कलाजंग' दांव से श्यामू को चित किया

    3 hours ago

    1

    0

    सिद्धार्थनगर तहसील क्षेत्र के वीरेंद्र ग्रामीण स्टेडियम में दो दिवसीय अखिल भारतीय विराट कुश्ती दंगल का भव्य आयोजन हुआ। मंगलवार, 3 मार्च को दंगल के दूसरे दिन जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे। उन्होंने अखाड़े में उतरकर पहलवानों से मुलाकात की और उनका उत्साहवर्धन किया। जिलाधिकारी ने कहा कि खेल अनुशासन, धैर्य और राष्ट्रनिर्माण की भावना सिखाता है। उन्होंने आश्वासन दिया कि जिले की खेल प्रतिभाओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रशासन प्रतिबद्ध है। रोमांचक मुकाबले बने आकर्षण दंगल का मुख्य आकर्षण हरिद्वार के राजा पहलवान और Chandigarh के श्यामू पहलवान के बीच मुकाबला रहा। करीब 12 मिनट तक चले संघर्षपूर्ण मुकाबले में दोनों ने एक-दूसरे की पकड़ परखते हुए कई दांव-पेच आजमाए। अंततः राजा पहलवान ने सटीक ‘कलाजंग’ दांव लगाकर श्यामू को चित कर दिया। उनकी जीत पर दर्शकों ने तालियों से स्वागत किया। एक अन्य रोमांचक मुकाबले में पंजाब के विक्की पहलवान ने Agra के सूरज पहलवान को पराजित किया। आक्रामक शुरुआत के बाद विक्की ने ‘धोबी पछाड़’ दांव लगाकर सूरज को पटखनी दी और मुकाबला अपने नाम किया। दर्शकों ने दोनों पहलवानों की खेल भावना की सराहना की। जनप्रतिनिधियों ने बढ़ाया हौसला भाजपा जिलाध्यक्ष दीपक मौर्या ने कुश्ती को भारत की सांस्कृतिक धरोहर बताया। ग्रामीण क्षेत्रों में आधुनिक खेल अकादमियों की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि मिट्टी के अखाड़ों से निकलने वाली प्रतिभाओं को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचाने के लिए सुविधाओं का विस्तार जरूरी है। पहलवान बाबा लाडी ने युवाओं से नशे से दूर रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि अखाड़े में ईमानदारी और सच्चे मन से लड़ना ही असली जीत है। हारने पर भी दर्शक सम्मान देते हैं, लेकिन बेईमानी से मिली जीत कभी सम्मान नहीं दिला सकती। अखाड़े से फिल्मों तक: रामेश्वर पहलवान का सफर हाथरस निवासी रामेश्वर पहलवान ने बताया कि उन्होंने गांव के अखाड़े से शुरुआत की। वर्ष 2017, 2018 और 2019 में वे स्टेट चैंपियन और उत्तर प्रदेश केसरी बने। 2019 में जम्मू में भारत केसरी का खिताब जीता और 2025-26 में यह उपलब्धि दोहराई। उन्होंने बताया कि वे फिल्मों में भी अभिनय कर चुके हैं और अमीर खान के साथ स्क्रीन साझा की। साथ ही पवन की फिल्म ‘हरिहर’ में नकारात्मक भूमिका निभाई। वर्तमान में वे जिला पंचायत सदस्य के रूप में भी सक्रिय हैं। उनका कहना है, “पहलवानी सिर्फ ताकत नहीं, बल्कि संयम, साधना और समर्पण का खेल है।” सुरक्षा और व्यवस्थाएं रहीं दुरुस्त आयोजन के दौरान सुरक्षा और चिकित्सा टीम मुस्तैद रही। स्थानीय प्रशासन ने पेयजल, बैठने और प्रकाश की समुचित व्यवस्था की। ग्रामीण अंचल से आए हजारों दर्शकों ने देर शाम तक दंगल का आनंद लिया। दो दिवसीय इस आयोजन ने साबित किया कि प्रशासन, जनप्रतिनिधि और समाज के संयुक्त प्रयास से ग्रामीण प्रतिभाओं को बड़ा मंच मिल सकता है। मिट्टी की महक और दर्शकों के जोश के बीच यह दंगल लंबे समय तक याद रखा जाएगा।
    Click here to Read more
    Prev Article
    नहटौर में दो बाइकों की टक्कर, युवक की मौत:दिल्ली से होली मनाने आया था घर, दूसरा घायल
    Next Article
    आईजी अमित पाठक गोंडा पहुंचे, सुरक्षा का जायजा लिया:पुलिस के साथ किया पैदल मार्च, कहा- अगर खराब किया माहौल तो होगी कड़ी कार्रवाई

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment