Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    शोभित विश्वविद्यालय में 'प्रज्ञा 2026' का समापन:25 दिव्यांग छात्रों की पढ़ाई का खर्च उठाएगा संस्थान, छात्रों को मिलेंगे प्रशिक्षण और रोजगार के नए अवसर

    7 hours ago

    1

    0

    शोभित विश्वविद्यालय में विश्वविद्यालय दिवस के अवसर पर आयोजित दो दिवसीय समारोह 'प्रज्ञा 2026' का शुक्रवार को समापन हो गया। यह आयोजन विश्वविद्यालय के सह-संस्थापक एवं अध्यक्ष डॉ. शोभित कुमार के जन्मदिवस पर किया गया। समारोह में शिक्षा, अनुसंधान, उद्योग-सहयोग, सामाजिक सेवा और समावेशी शिक्षा को बढ़ावा देने का संकल्प दोहराया गया। कुलाधिपति कुंवर शेखर विजेंद्र ने कहा कि 'प्रज्ञा' केवल एक समारोह नहीं, बल्कि शिक्षा को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने की सोच का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि वर्ष 1924 में गंगोह में पहले विद्यालय की स्थापना से शुरू हुई यात्रा आज भी उसी उद्देश्य के साथ आगे बढ़ रही है। कुलपति प्रो. वी.के. त्यागी ने कहा कि विश्वविद्यालय का लक्ष्य विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ समाज और देश के विकास में योगदान देने के लिए तैयार करना है। समारोह के मुख्य अतिथि पद्मश्री डॉ. अरविंद कुमार, पूर्व कुलपति रानी लक्ष्मीबाई केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय, झांसी ने सतत कृषि, नवाचार और कृषि क्षेत्र में रोजगार की संभावनाओं पर अपने विचार रखे। उन्होंने छात्रों से कृषि को आधुनिक और उद्यमिता से जुड़े क्षेत्र के रूप में अपनाने का आह्वान किया। दिन की शुरुआत नवनिर्मित लीडरशिप ब्लॉक में हवन-यज्ञ से हुई। इसके बाद विश्वविद्यालय ने लेमफोर्ड बायोटेक प्राइवेट लिमिटेड, मीनू पेपर मिल्स, हार्वेस्टिंग फार्मर्स नेटवर्क और आईसीटी अकादमी के साथ उद्योग-शैक्षणिक सहयोग समझौते किए। इनसे छात्रों को रिसर्च, इंटर्नशिप, प्रशिक्षण, प्रयोगशाला कार्य और रोजगार के बेहतर अवसर मिलेंगे। खास बात यह रही कि लेमफोर्ड बायोटेक के प्रबंध निदेशक डॉ. गौरव सिसोदिया और हार्वेस्टिंग फार्मर्स नेटवर्क के सीईओ रुचित गर्ग विश्वविद्यालय के पूर्व छात्र हैं। समारोह के दौरान विश्वविद्यालय ने 'प्रोजेक्ट उम्मीद' की शुरुआत की। इसके तहत 25 दिव्यांग विद्यार्थियों की एक वर्ष की शैक्षणिक जरूरतों का पूरा खर्च विश्वविद्यालय उठाएगा। विश्वविद्यालय ने इसे समावेशी शिक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया। कार्यक्रम में वर्ष 1995-97 बैच के पूर्व विद्यार्थियों ने अपने अनुभव साझा किए और छात्रों को मेहनत, सीखने और समाज के प्रति जिम्मेदारी निभाने के लिए प्रेरित किया। निदेशक प्रो. अशोक कुमार ने विश्वविद्यालय की उपलब्धियों का प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। इस अवसर पर लॉ विभाग के छात्रों ने वृद्धाश्रम और जरूरतमंद लोगों के बीच भोजन वितरण कर सामाजिक सेवा का संदेश दिया। कार्यक्रम का समापन रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में शिक्षक, कर्मचारी और विद्यार्थी मौजूद रहे।
    Click here to Read more
    Prev Article
    प्रतापगढ़ में जगन्नाथ रथयात्रा, पुलिस बल तैनात:'जय जगन्नाथ' के जयकारों से शहर गूंजा, श्रद्धालु हुए शामिल
    Next Article
    डेटा फीडिंग में लापरवाही पर प्राचार्य- प्रबंधक पर होगी कार्रवाई:महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ की कुलसचिव ने लापरवाही करने वाले महाविद्यालयों को दी नोटिस

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment