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    Trump की पार्टी हारी, मस्क ने कौन सा पोस्ट हटा दिया?

    2 hours from now

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    अमेरिका के मिड टर्म चुनाव में एलन मस्क ने रिपब्लिकन पार्टी के उम्मीदवारों और उनसे जुड़े संगठनों पर 445 मिलियन यानी कि ₹4200 करोड़ से ज्यादा खर्च किए। लेकिन उनकी सारी कोशिशें काम नहीं आई। डेमोक्रेटिक पार्टी ने अमेरिकी संसद के दोनों सदनों में बड़ी जीत हासिल की है। अब मस्क की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। अमेरिकी संसद में उनके सरकारी कामकाज और उनकी कंपनियों को मिले ठेकों की जांच हो सकती है। मस्क की कंपनियों को अरबों डॉलर के सरकारी ठेके मिले हैं। ऐसे में डेमोक्रेटिक सांसद यह जानना चाहते हैं कि क्या मस्क ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की सरकार में अपने पद का इस्तेमाल अपने कारोबार को फायदा पहुंचाने के लिए किया। अमेरिकी चुनावी रिकॉर्ड का विश्लेषण करने वाली संस्था ओपन सीक्रेट के मुताबिक मस्क इस चुनाव में सबसे ज्यादा पैसा खर्च करने वाले व्यक्ति रहे। उन्होंने अकेले टैक्सस में रिपब्लिकन उम्मीदवारों पर कम से कम ₹25 मिलियन डॉलर यानी कि ₹2100 करोड़ खर्च किए। इनमें सीनेट चुनाव के उम्मीदवार केन फैक्सन और गवर्नर ग्रेग अब शामिल थे। लेकिन दोनों चुनाव हार गए। टेक्सस में डेमोक्रेटिक पार्टी ने राज्य के सभी बड़े पदों पर जीत हासिल की। टेक्सस मस्क के कारोबार के लिए भी बहुत अहम है।इसे भी पढ़ें: US Election में Democratic Party की जीत से Elon Musk को झटका, Tesla शेयर गिरेटेस्ला का मुख्यालय और कार बनाने की बड़ी फैक्ट्री यहीं है। स्पेक्स, एक्स और न्यूरालिंक जैसी कंपनियों का भी यहां कामकाज है। डेमोक्रेटिक उम्मीदवार जेम्स टालरिको ने सीनेट का चुनाव जीतकर केन पैक्सन को हराया। चुनाव प्रचार के दौरान उन्होंने मस्क पर आरोप लगाया था कि वह पैसे के दम पर टैक्सस की राजनीति को अपने हिसाब से चलाना चाहते हैं। जीत के बाद उन्होंने कहा कि देश की ताकत आम लोगों के पास होनी चाहिए। अरबपतियों के पास नहीं। चुनाव नतीजों के बाद मस्क ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर लिखा लगता है इस बार चुनाव में दखल देने वाली मेरी अंतरिक्ष लेयर काम नहीं आई। मिड टर्म चुनाव रिजल्ट के बाद बुधवार 4 नवंबर को टेस्ला के शेयर करीब 3% और Spcex के शेयर करीब 4% गिर गए। खास बात यह रही कि उस दिन अमेरिकी शेयर बाजार के बाकी हिस्सों में तेजी थी। मस्क ने ट्रंप सरकार के शुरुआती महीनों में डिपार्टमेंट ऑफ गवर्नमेंट एफिशिएंसी यानी कि डॉज डीओजीई की कमान संभाली थी। इस विभाग का काम सरकारी खर्च करना था। इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक अब डेमोक्रेटिक सांसद जानना चाहते हैं कि इस दौरान सरकारी पैसे और जानकारी का इस्तेमाल कैसे हुआ। यह भी जांच हो सकती है कि मस्क को अपनी कंपनियों के लिए कोई फायदा मिला या नहीं। इसे भी पढ़ें: Elon Musk ने Republican पार्टी के समर्थन में की अपील, चुनाव में खर्च किए 442 Million Dollarडेमोक्रेसी डिफेंडर्स फंड नाम की कानूनी संस्था के मुताबिक डॉज की कमान संभालने के 4 महीने के दौरान मस्क की कंपनियों को कम से कम 6.3 अरब डॉलर के सरकारी ठेके मिले। इसके अलावा उनकी कंपनियों को कम से कम $10 अरब डॉलर के और सरकारी ठेके मिले। डेमोक्रेटिक सांसद जेम्स वॉकिंगसो ने कहा कि मस्क को सरकारी खर्च में कटौती और डज की ओर से बताई गई बचत के बारे में शपथ लेकर जवाब देना चाहिए। अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति जॉर्ज बुश के समय वाइट हाउस में एथिक्स से जुड़े बड़े वकील रहे रिचर्ड पेंटर। यह उन्होंने भी सवाल उठाया है कि उनका कहना है कि अगर मस्क ने सरकारी पद पर रहते हुए ऐसे फैसलों में हिस्सा लिया है तो जिनसे उनके अपने कारोबार को फायदा हो सकता था तो यह संघीय कानून का उल्लंघन हो सकता है। डेमोक्रेटिक सांसद मस्क के रूस से कथित संबंधों पर भी सवाल उठा रहे हैं। सेनेटर क्रिस कुंस ने कहा है कि वह रूस के राष्ट्रपति व्लादमीर पुतिन के साथ मस्क के कथित संबंधों पर भी उनसे जवाब मांगेंगे। इसे भी पढ़ें: मोदी को हराने की तारीख बताने वाला 19 दिन बाद खुद ही निपट गया, जानें क्या हुआ?कुछ सांसद यूक्रेन के युद्ध में मस्क की सेटेलाइट इंटरनेट सर्विस स्टारलिंग की भूमिका पर भी सवाल उठा रहे हैं। स्टार्लिंग यूक्रेन में आम लोगों और सेना के बीच संपर्क बनाए रखने में मदद करती है। सांसदों ने यूक्रेन में स्टारलिंग के इस्तेमाल पर पाबंदियां लगाने के मस्क के फैसले पर भी सवाल उठाए हैं।
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