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    16 साल पुराने हत्या केस में दो दोषियों को उम्रकैद:फिरोजाबाद में जमीन के विवाद में युवक की हत्या कर यमुना में फेंका था शव; 55-55 हजार रुपए जुर्माना

    11 hours ago

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    फिरोजाबाद में जमीन विवाद में 16 साल पहले युवक की हत्या कर शव यमुना नदी में फेंकने के मामले में कोर्ट ने दो दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट नंबर-1 नीलू मोघा ने राममहेश यादव और संत कुमार को दोषी ठहराते हुए दोनों पर 55-55 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया। मामले के मुख्य आरोपी और मृतक के सौतेले मामा धर्मवीर की लगातार गैरहाजिरी के चलते उसकी फाइल अलग कर दी गई है। मामला बसई मोहम्मदपुर थाना क्षेत्र का है। 21 फरवरी 2010 को पसीना वाले हनुमान मंदिर के पास यमुना नदी में एक युवक का शव मिला था। बसई मोहम्मदपुर निवासी कन्हैयालाल ने शव की पहचान अपने बेटे अशोक के रूप में की थी। इसके बाद उन्होंने 24 फरवरी 2010 को थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। 16 बीघा जमीन को लेकर चल रही थी रंजिश सरकारी वकील के मुताबिक, अशोक की मां को अपने मायके से 16 बीघा जमीन मिली थी। इसी जमीन को लेकर परिवार में रंजिश चल रही थी। आरोप था कि आगरा जिले के बाह थाना क्षेत्र के बुडहरा निवासी अशोक के सौतेले मामा धर्मवीर ने अपने साथियों राममहेश यादव निवासी नसीरपुर और संत कुमार निवासी घाघऊ, थाना नसीरपुर के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया। आरोपियों ने 20 फरवरी 2010 को अशोक को उसके घर से बुलाया और अपने साथ ले गए। इसके बाद उसकी हत्या कर शव यमुना नदी में फेंक दिया गया। पुलिस ने जांच के बाद आरोपियों के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की थी। दो आरोपियों को उम्रकैद, तीसरे की फाइल अलग मामले की सुनवाई के दौरान कोर्ट में अभियोजन पक्ष ने साक्ष्य और गवाह पेश किए। सोमवार को अपर सत्र न्यायाधीश नीलू मोघा ने राममहेश यादव और संत कुमार को दोषी मानते हुए दोनों को उम्रकैद की सजा सुनाई। कोर्ट ने दोनों दोषियों पर 55-55 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया। एडीजीसी शैलेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि मामले के आरोपी सौतेले मामा धर्मवीर के लगातार कोर्ट में गैरहाजिर रहने के कारण उसकी फाइल अलग कर दी गई है। उसके खिलाफ कार्रवाई अलग से जारी रहेगी।
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