Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    India-Russia Relations | अमेरिका-इजरायल के हमलों से होर्मूज बंद, भारत और रूस के बीच नई 'ऑयल डील' की सुगबुगाहट! Strait of Hormuz Close

    3 hours from now

    1

    0

    मध्य पूर्व में जारी भीषण युद्ध और रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण होर्मूज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) के बंद होने से वैश्विक ऊर्जा बाजार में हड़कंप मच गया है। इस संकट के बीच रूस ने दावा किया है कि भारत ने रूसी कच्चे तेल की भारी मात्रा में खरीद के लिए "नए सिरे से दिलचस्पी" दिखाई है।ऊर्जा संकट और होर्मूज की नाकेबंदीईरान पर अमेरिका और इजराइल के हालिया हमलों (ऑपरेशन फ्युरी) के जवाब में तेहरान की कार्रवाई के बाद होर्मूज जलडमरूमध्य में व्यवधान पैदा हो गया है। यह संकीर्ण जलमार्ग फारस की खाड़ी को वैश्विक बाजारों से जोड़ता है और दुनिया की कुल तेल आपूर्ति का 20 प्रतिशत हिस्सा यहीं से गुजरता है। रूस के उपप्रधानमंत्री एलेक्जेंडर नोवाक ने मॉस्को में सरकारी टीवी 'रोसिया' से बातचीत में पुष्टि की, "हाँ, हमें भारत की तरफ से नई दिलचस्पी के संकेत मिल रहे हैं।"इसे भी पढ़ें: Operation Sindoor के 'महानायक' S-400 की बढ़ेगी भारत में संख्या! भारत Russia से खरीदेगा 5 और स्क्वाड्रन, पाकिस्तान परेशान  रूस के उपप्रधानमंत्री एलेक्जेंडर नोवाक ने मॉस्को में एक कार्यक्रम से इतर सरकारी टीवी रोसिया से कहा, “हां, हमें भारत की तरफ से नयी दिलचस्पी के संकेत मिल रहे हैं।” दुनिया की कुल तेल आपूर्ति का 20 प्रतिशत हिस्सा और तरलीकृत प्राकृतिक गैस निर्यात का एक महत्वपूर्ण हिस्सा इस संकीर्ण जलमार्ग से गुजरता है। यह फारस की खाड़ी को वैश्विक बाजारों से जोड़ता है।इसे भी पढ़ें: Mojtaba Khamenei Iran New Supreme Leader | अयातुल्ला खामेनेई के बेटे मोज्तबा ईरान के नए सुप्रीम लीडर चुने गए: रिपोर्ट होर्मूज जलडमरूमध्य के लंबे समय तक प्रभावित रहने पर भारत, चीन और जापान समेत प्रमुख आयातकों को होने वाली ऊर्जा आपूर्ति बाधित हो सकती है और वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतें बढ़ सकती हैं। रूस के ऊर्जा क्षेत्र की देखरेख करने वाले नोवाक ने इस संभावना से इंकार नहीं किया कि यूरोपीय संघ भी ऊर्जा संकट को देखते हुए रूस के हाइड्रोकार्बन आयात में कटौती के अपने फैसले में ढील बरत सकता है।
    Click here to Read more
    Prev Article
    Israel US Iran War Live Updates: ईरान से जंग के बीच हथियारों का प्रोडक्शन बढ़ाएगा अमेरिका, डिफेंस कॉन्ट्रैक्टर्स से जल्द की जाएगी मुलाकात
    Next Article
    Tehran Mehrabad Airport Strikes | तेहरान के मेहराबाद एयरपोर्ट पर भारी बमबारी, नेतन्याहू ने दी और भीषण हमलों की चेतावनी

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment