Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    Nepal में फंसे Vidarbha के चार श्रद्धालु Nagpur पहुंचे, परिजनों को मिली बड़ी राहत

    3 hours from now

    1

    0

    नेपाल में अचानक आई बाढ़ के उपरांत कई दिनों की अनिश्चितता और चिंता के बाद, विदर्भ के चार तीर्थयात्री अंतत: शनिवार सुबह सुरक्षित नागपुर लौट आए, जिससे उनके परेशान परिवारों को बड़ी राहत मिली। वापस लौट तीर्थयात्रियों में तीन महिलाएं शामिल हैं। इंदिरा चौधरी (65), वर्धा की सुलोचना खापरे, और हिंगनघाट के दीपक पांडे और वर्षा उपाध्याय पूर्वी महाराष्ट्र के विदर्भ इलाके से आए तीर्थयात्रियों के उस समूह का हिस्सा थे, जो नेपाल में पशुपतिनाथ मंदिर का दर्शन करने गया था।खापरे ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि यह समूह 19 अगस्त को ट्रेन से नेपाल के लिए रवाना हुआ था और 21 अगस्त को पशुपतिनाथ मंदिर पहुंचा। अपनी तीर्थयात्रा पूरी करने के बाद, समूह के सदस्य 25 अगस्त को काठमांडू लौट आए। विदर्भ से आए तीर्थयात्री नेपाल-तिब्बत सीमा के उस इलाके में नहीं थे जहां त्रासदी आई थी, लेकिन नेपाल से बाहर जाने वाले रास्तों की स्थिति के कारण वे काठमांडू में ही फंस गए थे।इसे भी पढ़ें: Nepal Flood में फंसे Maharashtra के 338 नागरिक सुरक्षित, 37 को ला रहे भारततीर्थ यात्रियों से संपर्क नहीं होने की वजह से परिवार चिंतित थे। चौधरी ने बताया कि वे 27 अगस्त की रात काठमांडू लौटे थे और उसके बाद बाढ़ के कारण पैदा हुई स्थिति की वजह से फंस गए थे। नागपुर में चौधरी के बेटे हर्षल ने बताया कि शुरू में उम्मीद थी कि तीर्थयात्री नेपाल के सांसद संदीप राणा की ओर से उपलब्ध कराई गई बसों से भारत लौटेंगे।इसे भी पढ़ें: Nepal Floods में फंसे महाराष्ट्र के 100 श्रद्धालुओं को बिहार सरकार ने सुरक्षित निकालालेकिन, 27 अगस्त को नेपाल के लेले गांव से इन बसों को काठमांडू वापस भेज दिया गया। हर्षल ने बताया कि बुजुर्ग मां की वजह से उन्होंने और उनके रिश्तेदारों ने 28 अगस्त को नेपाल-बिहार सीमा से सड़क मार्ग से यात्रा करने का जोखिम नहीं उठाने का फैसला किया। इसके बजाय, उन्होंने चारों तीर्थयात्रियों के लिए काठमांडू से दिल्ली की उड़ान में टिकट आरक्षित कराई।इस बीच, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री कार्यालय ने बताया कि राज्य के 102 तीर्थयात्री बिहार के पटना से ट्रेन में सवार हो गए, जबकि बाकी तीर्थयात्रियों को सुरक्षित घर वापस लाने की कोशिशें जारी हैं। बुधवार को रसुवा और मध्य नेपाल के अन्य हिस्सों में अचानक आई बाढ़ से जान-माल का भारी नुकसान हुआ और बस्तियों, सड़कों, पुलों और पनबिजली के बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचा। इस आपदा के बाद से कई विदेशी सहित 2,000 से अधिक लोग लापता हैं।
    Click here to Read more
    Prev Article
    West Bengal में IMD ने 31 अगस्त तक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया, मछुआरों को सलाह
    Next Article
    Kerala CM का काफिला रोकने पर Congress नेता Anil Kumar गिरफ्तार, पार्टी से निकाला

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment