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    पवन सिंह फिर बलिया कोर्ट नहीं पहुंचे:3 हजार हर्जाना लगा; पत्नी ज्योति बोलीं- न्याय नहीं मिला, तो सुप्रीम कोर्ट जाऊंगी

    3 hours ago

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    भोजपुरी एक्टर और भाजपा MLC पवन सिंह शनिवार को बलिया कोर्ट में पेश नहीं हुए। जबकि, पत्नी ज्योति सिंह कोर्ट में पेश हुईं। पेश नहीं होने पर कोर्ट ने पवन सिंह पर 3 हजार रुपए का हर्जाना लगाया। मामला पवन सिंह और उनकी पत्नी ज्योति सिंह के तलाक और गुजारा भत्ता से जुड़ा है। अगली सुनवाई 12 नवंबर को होगी। सुनवाई के बाद ज्योति सिंह ने कहा- मैं पवन के साथ रहना चाहती हूं। अगर पवन सिंह मुझे साथ नहीं रखना चाहते, तो मुझे हर्जाना दिया जाए। अगर मुझे न्याय नहीं मिला, तो सुप्रीम कोर्ट तक जाऊंगी। वहीं, ज्योति सिंह के वकील अखिलेश सिंह ने बताया- पिछली सुनवाई पर भी कोर्ट ने पवन सिंह को पेश होने का निर्देश दिया था। आज भी उनके अनुपस्थित रहने पर कोर्ट ने अगली सुनवाई पर पेश होने का आखिरी मौका दिया है। मां के मेडिकल दस्तावेज कोर्ट में जमा किए सुनवाई के दौरान पवन सिंह के वकील हरिवंश सिंह ने उनकी मां के मेडिकल दस्तावेज कोर्ट में जमा किए। साथ ही मीडिएशन के लिए आवेदन भी दिया है। ज्योति बोलीं- 4 साल हो गए, पेशेंस की भी सीमा होती है ज्योति ने कहा- पवन सिंह फिर से कोर्ट नहीं आए। अब 12 तारीख की नेक्स्ट डेट मिली है। उन्होंने कोर्ट का भी मजाक बनाकर रखा है। बार-बार उनको डेट मिल रही है। वो समझते हैं कि हर चीज उनके हाथ में है। मुझे बस कोर्ट पर विश्वास है। आज फिर उनकी मम्मी का ही मेडिकल लगाया गया है। उनकी मम्मी की तबियत खराब है। जबकि, मैंने अपने भैया को भेजा था। वो अगले दिन ही डिस्चार्ज हो गई थीं। फिर भी मम्मी की बीमारी का ही एक्सक्यूज दिया गया है। 4 साल हो गए हैं। यह लंबा समय होता है। अब बस यही कह सकती हूं कि मुझे पवन सिंह के साथ रहना है। जब सेपरेशन की बात आती है, तब मैंने एलिमनी डिमांड की है। अगर सेपरेशन की बात आती है, तो मेरी भी तो लाइफ खराब हुई है। तो मैं अपने लिए सोचूंगी कि आगे क्या करना है, कैसे करना है? 4 साल हो गए हैं। पेशेंस की भी एक सीमा होती है। ज्योति ने 2022 में याचिका दाखिल की थी ज्योति सिंह ने 22 अप्रैल, 2022 को बलिया फैमिली कोर्ट में भरण-पोषण के लिए याचिका दाखिल की थी। पवन सिंह ने इससे पहले बिहार के आरा स्थित फैमिली कोर्ट में तलाक की अर्जी दी थी। दोनों पक्षों के बीच विवाद सुलझाने के लिए कोर्ट की ओर से काउंसिलिंग की कोशिश भी की गई, लेकिन समाधान नहीं निकल सका। अब पवन सिंह और ज्योति के तलाक का पूरा केस जानिए… ज्योति, पवन सिंह की दूसरी पत्नी हैं। दरअसल, पवन सिंह की पहली शादी 2014 में नीलम सिंह से हुई थी। शादी के एक साल बाद ही नीलम ने सुसाइड कर लिया था। इसके 3 साल बाद 6 मार्च 2018 को पवन सिंह ने ज्योति से यूपी के बलिया में शादी की। शादी के कुछ महीने बाद ही दोनों के रिश्तों में खटपट शुरू हो गई। ज्योति ने मानसिक और शारीरिक उत्पीड़न तथा दो बार गर्भपात करवाने का आरोप लगाया। पवन सिंह ने इन आरोपों को खारिज किया। अप्रैल 2022 में ज्योति सिंह ने तलाक के लिए अर्जी दाखिल की। पवन सिंह ने भी आरा फैमिली कोर्ट में तलाक की अर्जी लगाई। 11 फरवरी को सुलह की कोशिश के लिए कोर्ट में दोनों को हाजिर होना था, लेकिन पवन सिंह तबीयत खराब होने के कारण उपस्थित नहीं हुए। 2024 लोकसभा चुनाव में जब पवन सिंह काराकाट से निर्दलीय चुनाव मैदान में उतरे तो ज्योति ने उनके लिए प्रचार किया। तब खबरें आई कि दोनों में सुलह हो गई है। हालांकि, चुनाव नतीजे आने के बाद दोनों के अलगाव की खबरें आने लगी। वैसे ज्योति बार-बार साथ रहने की अपील करतीं हैं। ज्योति ने पवन से 10 करोड़ एलिमनी मांगी है ज्योति सिंह के वकील ने बताया था कि 'ज्योति सिंह ने जज से इंसाफ मांगा है। उन्होंने कहा है कि अगर पवन सिंह नहीं रखना चाहते तो मुझे 10 करोड़ रुपए और एक मकान एलिमनी (गुजारा भत्ता) के तौर पर दें।’ अब जानिए, एलिमनी होती क्या है… जब एक व्यक्ति दूसरे को खाना, कपड़ा, घर, एजुकेशन और मेडिकल जैसी बेसिक जरूरत की चीजों के लिए फाइनेंशियल सपोर्ट करता है तो उसे मेंटेनेंस (एलिमनी) यानी गुजारा भत्ता कहते हैं। हिंदू मैरेज एक्ट 1955 के तहत 2 तरह की एलिमनी (गुजारा भत्ता) होती है। अंतरिम गुजारा भत्ता: जब तक कोर्ट की कार्यवाही चल रही होती है और शुरुआत में खर्चा करने के लिए पैसा नहीं है। तब सेक्शन 24 के तहत कोर्ट का फैसला आने तक शिकायतकर्ता को गुजारा भत्ता मिलता रहता है। परमानेंट गुजारा भत्ता: सेक्शन 25 के तहत तलाक के बाद मिलने वाली एलिमनी परमानेंट भत्ता कहलाती है। इस मेंटेनेंस में स्त्रीधन शामिल नहीं होता, उस पर सिर्फ पत्नी का अधिकार होता है। भत्ता कितना होगा यह पति की आय, संपत्ति, जिम्मेदारियां आदि को देखते हुए कोर्ट तय करता है। -------------------------- ये खबर भी पढ़ेंः- ग्रेटर नोएडा-घर में परिवार के 5 लोगों की लाशें मिलीं:इनमें पति-पत्नी और 3 बच्चे, बिस्तर पर बच्चों से लिपटे मिले; परिवार में प्रापर्टी विवाद था उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा में एक परिवार के 5 लोगों की लाश घर में मिली है। इनमें पति-पत्नी और 3 बच्चे हैं। लाशें घर में बिस्तर पर मिलीं। शनिवार सुबह काफी देर तक परिवार नहीं उठा तो पड़ोसियों को शक हुआ। लोग पहुंचे तो दरवाजा अंदर से बंद था। खिड़की से देखा तो पांचों बिस्तर पर दिखाई दिए। एक के मुंह से झाग निकल रहा था। पुलिस को सूचना दी। पुलिस घर में घुसी तो देखा कि चारपाई पर पिता की बेटे से लिपटी लाश थी। दूसरे बेड पर मां, छोटा बेटा और बेटी की लाश थी। मां बेटे से लिपटी थीं। पूरी खबर पढ़ें…
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