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    सहारनपुर में पेयजल गुणवत्ता जांच होगी अब और सख्त:नगरायुक्त ने लैब अपग्रेड कर बैक्टीरियोलॉजी जांच के दिए निर्देश

    50 minutes ago

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    सहारनपुर में पेयजल की गुणवत्ता जांच का दायरा अब बढ़ाया जाएगा। नगरायुक्त शिपू गिरि ने बुधवार शाम चार बजे जलकल विभाग की वाटर टेस्टिंग लैब का निरीक्षण किया। उन्होंने पानी की जांच में मौजूदा पैरामीटर के अलावा अन्य जरूरी पैरामीटर शामिल करने के निर्देश दिए। साथ ही लैब को आधुनिक बनाने और राष्ट्रीय परीक्षण और अंशांकन प्रयोगशाला प्रत्यायन बोर्ड (एनएबीएल) प्रमाणपत्र प्राप्त करने के लिए आवश्यक उपकरण व सुविधाएं उपलब्ध कराने को कहा। नगरायुक्त शिपू गिरि ने महाप्रबंधक जल पुरुषोत्तम कुमार के साथ गांधी पार्क के पास स्थित वाटर टेस्टिंग लैब का निरीक्षण किया। उन्होंने लैब में उपलब्ध उपकरणों, जांच प्रक्रिया और कर्मचारियों के बारे में जानकारी ली। महाप्रबंधक ने बताया कि शहर के विभिन्न क्षेत्रों से प्रतिदिन पेयजल के पांच नमूने लिए जाते हैं, जिनकी पीएच, टीडीएस, टोटल एल्कालिनिटी, कैल्शियम, टोटल हार्डनेस, क्लोराइड और मैग्निशियम आदि की जांच की जाती है। नगरायुक्त ने जोर दिया कि शहरवासियों को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण पेयजल उपलब्ध कराना प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को पानी में अन्य जरूरी पैरामीटर की भी जांच शुरू कराने के निर्देश दिए। इसके अतिरिक्त, बैक्टीरियोलॉजी जांच के लिए आवश्यक उपकरण और रसायन उपलब्ध कराने को भी कहा गया। उन्होंने वाटर टेस्टिंग लैब को उच्चीकृत कर एनएबीएल प्रमाणपत्र प्राप्त करने के लिए जल्द कार्रवाई शुरू करने के निर्देश दिए। नगरायुक्त ने लैब में एसी, रेफ्रिजरेशन यूनिट, प्रिंटर और इंटरनेट जैसी आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित कराने को कहा, जिससे जांच प्रक्रिया को बेहतर तरीके से संचालित किया जा सके। निरीक्षण के दौरान नगरायुक्त ने लैब के बाहर स्थित ओवरहेड टैंक (ओएचटी) परिसर का भी जायजा लिया। उन्होंने निर्माण विभाग से समन्वय कर परिसर का सौंदर्यीकरण कराने के निर्देश दिए। साथ ही, उन्होंने ओवरहेड टैंक के प्रेशर की जानकारी ली और अन्य ओएचटी पर भी प्रेशर की व्यवस्था सुनिश्चित कराने को कहा। नगरायुक्त ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि लैब के उन्नयन और पेयजल जांच से जुड़े सभी कार्य प्राथमिकता के आधार पर पूरे किए जाएं। इसका उद्देश्य शहर में पेयजल की गुणवत्ता की नियमित और प्रभावी निगरानी सुनिश्चित करना है।
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