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    सोनिया गांधी की किताब नहीं छापेगा पेंगुइन इंडिया:कहा- फैसला किसी प्रेशर की वजह से नहीं लिया, राइटर्स की टीम से सहमति नहीं बनी

    3 hours ago

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    पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया ने सोनिया गांधी की किताब ‘बिलॉन्गिंग: ए जर्नी ऑफ लव’ प्रकाशित नहीं करने केके फैसले पर फिर सफाई दी है। पब्लिशर ने कहा कि इस फैसले के पीछे कोई बाहरी दबाव नहीं था, बल्कि पर चर्चा के दौरान एक खास मुद्दे पर सहमति नहीं बन सकी। हालांकि पेंगुइन ने उस मुद्दे के बारे में कोई जानकारी नहीं दी। पब्लिशर ने इसके लिए समझौते और लेखक की गोपनीयता का हवाला दिया है। यह सफाई कांग्रेस नेता सोनिया गांधी के संस्मरण के भारत में प्रकाशन को लेकर चल रहे विवाद के बीच आई है। प्रकाशन इससे पहले भी सफाई दे चुका है। पेंगुइन ने बाहरी दबाव की बात खारिज की पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया (PRHI) की प्रवक्ता पल्लवी नारायण ने PTI से कहा, किताब की सामग्री गोपनीय है और अभी सार्वजनिक नहीं की गई है। इसलिए इस मामले में किसी भी तरह का बाहरी दबाव नहीं था। उन्होंने कहा, ‘पांडुलिपि सामान्य संपादकीय प्रक्रिया से गुजरी थी। इस दौरान कई मुद्दे उठाए गए और सोनिया गांधी के प्रतिनिधियों के साथ उन पर चर्चा की गई।’ ‘प्रकाशक के मुताबिक, कुछ मुद्दों पर बदलाव के लिए सहमति बनी और कुछ मामलों में लेखक का पक्ष स्वीकार किया गया। हालांकि, अंत में एक खास मुद्दे पर समझौता नहीं हो सका।’ 3 दिन पहले भी कहा था- हम किताब पब्लिश नहीं कर रहे पेंगुइन ने 28 अगस्त को कहा था, वह बिलॉन्गिंग: अ जर्नी ऑफ लव’ की प्रकाशक नहीं है। यह कहना सही नहीं है कि लेखक ने संपादकीय बदलावों से इनकार करने के कारण पेंगुइन ने प्रकाशित नहीं करने का फैसला किया। कांग्रेस नेताओं ने कहा- सोनिया की किताब पर आपत्ति क्यों सोनिया पहले लिख चुकी हैं 4 किताबें
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